जिले में चाइल्ड हेल्पलाइन की तत्परता से टला बाल विवाह, प्रशासन की सक्रियता से सुरक्षित हुआ नाबालिगों का भविष्य,

जिले में चाइल्ड हेल्पलाइन की तत्परता से टला बाल विवाह, प्रशासन की सक्रियता से सुरक्षित हुआ नाबालिगों का भविष्य,

मनेंद्रगढ़ । एमसीबी जिले में बाल विवाह जैसी कुप्रथा के विरुद्ध प्रशासन की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई का एक सराहनीय उदाहरण सामने आया है। ग्राम मुसरा एवं ग्राम सिरौंदी (थाना मनेन्द्रगढ़) में प्रस्तावित बाल विवाहों की सूचना चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 को प्राप्त होते ही जिला प्रशासन सक्रिय हो गया और समय रहते दोनों मामलों में हस्तक्षेप कर विवाह को रुकवा दिया गया।

      सूचना मिलते ही जिला कार्यक्रम अधिकारी आदित्य शर्मा के निर्देशानुसार जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा तत्काल संयुक्त टीम का गठन किया गया। ब्लॉक परियोजना अधिकारी के नेतृत्व में सेक्टर सुपरवाइजर, चाइल्ड हेल्पलाइन टीम, जिला बाल संरक्षण इकाई, थाना केल्हारी का पुलिस बल तथा स्थानीय सरपंच एवं पंच की उपस्थिति में दोनों गांवों में पहुंचकर बाल विवाह की प्रक्रिया को रोक दिया गया।

परिजनों को दी गई समझाइश, कानूनी प्रावधानों की जानकारी

     कार्रवाई के दौरान टीम द्वारा संबंधित परिवारों को बाल विवाह के दुष्परिणामों जैसे शिक्षा में बाधा, स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव एवं सामाजिक विकास में रुकावट के बारे में विस्तार से बताया गया। साथ ही बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के प्रावधानों की जानकारी देते हुए स्पष्ट किया गया कि बालक की न्यूनतम आयु 21 वर्ष तथा बालिका की 18 वर्ष निर्धारित है और इसका उल्लंघन दंडनीय अपराध है।

मौके पर पंचनामा एवं प्रतिवेदन तैयार

    प्रशासनिक टीम द्वारा दोनों स्थानों पर पंचनामा तैयार कर आवश्यक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया। अधिकारियों ने बताया कि जिले में बाल विवाह रोकथाम हेतु सतत निगरानी रखी जा रही है तथा किसी भी प्रकार की सूचना प्राप्त होने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

जनसहभागिता से ही संभव है रोकथाम

     जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि बाल विवाह जैसी कुप्रथा की सूचना तुरंत चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 या संबंधित विभाग को दें, ताकि समय रहते प्रभावी हस्तक्षेप किया जा सके।

     इस सफल कार्रवाई से न केवल एक गंभीर सामाजिक कुरीति पर अंकुश लगा है, बल्कि नाबालिग बच्चों के सुरक्षित एवं उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी उठाया गया है।